Pages

Showing posts with label Hair. Show all posts
Showing posts with label Hair. Show all posts

Friday, July 29, 2022

जुल्फ

क्यों भटके कोई, जन्नत की तलाश मे, 

आशियाना हो गर तेरी जुल्फों की छाँव मे।   

जुल्फ

बेअसर हो जाती है, जद्दो जहद ज़िंदगी की, 

लौट आता हूँ  जब तेरी जुल्फों की छाँव मे।